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09-05-18

‘द ड्राफ्ट लेबर कोड ऑन सोशल सिक्युरिटी-2018’ की समीक्षा करते हुए।


मुख्यमंत्री श्री नीतीश कुमार के समक्ष आज एक अण्णे मार्ग स्थित विमर्श में ‘‘द ड्राफ्ट लेबर कोड ऑन सोशल सिक्युरिटी-2018’’ पर विस्तृत प्रस्तुतीकरण श्रम संसाधान विभाग द्वारा दिया गया। श्रम संसाधन विभाग के प्रधान सचिव श्री दीपक कुमार ने मुख्यमंत्री के समक्ष ‘‘द ड्राफ्ट लेबर कोड ऑन सोशल सिक्युरिटी-2018’’ के विभिन्न बिन्दुओं पर विस्तारपूर्वक बातें रखीं। प्रस्तुतीकरण के क्रम में बताया गया कि देश में श्रमिकों के लिए एकीकृत सामाजिक सुरक्षा कोड बनायी जा रही है।

मुख्यमंत्री ने कहा कि सिद्धांततः यह अच्छी अवधारणा है, ब्रॉड आईडिया है, वर्कर्स को इससे फायदा मिलेगा। इसे ठीक से लागू करने के लिए व्यवहारिक प्रणाली बनाने की जरुरत है। श्रमिकों के सर्वे के लिए स्टेट स्पेसिफिक पैरामिटर होना चाहिए। बिहार एक कृषि प्रधान राज्य है, यहाँ ज्यादातर लोग अनऑर्गानाइज सेक्टर से जुड़े हुए हैं। मुख्यमंत्री ने निर्देश दिया कि ‘‘द ड्राफ्ट लेबर कोड ऑन सोशल सिक्युरिटी-2018’’ के विभिन्न पहलुओं का गहन अध्ययन कर राज्य के संदर्भ में इसे लागू करने के लिए जो उपयुक्त सलाह हो उसे केंद्र को भेजें।

प्रस्तुतिकरण के दौरान उपमुख्यमंत्री श्री सुशील कुमार मोदी, श्रम संसाधन मंत्री श्री विजय कुमार सिन्हा, मुख्य सचिव श्री अंजनी कुमार सिंह, प्रधान सचिव वित्त श्रीमती सुजाता चतुर्वेदी, प्रधान सचिव समाज कल्याण श्री अतुल प्रसाद, मुख्यमंत्री के प्रधान सचिव श्री चंचल कुमार, मुख्यमंत्री के सचिव श्री अतीश चंद्रा, मुख्यमंत्री के सचिव श्री मनीष कुमार वर्मा, मुख्यमंत्री के विशेष कार्य पदाधिकारी श्री गोपाल सिंह एवं श्रम संसाधन विभाग के अन्य वरीय अधिकारी भी मौजूद थे।