पटना, 05 जून 2026 :- मुख्यमंत्री श्री सम्राट चौधरी ने आज विश्व पर्यावरण दिवस के अवसर पर वृक्षारोपण कर “जे.पी. गंगा पथ समग्र उद्यान परियोजना अंतर्गत” एक लाख पौधारोपण अभियान का शुभारंभ किया। इस अवसर पर मुख्यमंत्री ने लोगों से अपील की कि सभी अपनी माँ के नाम पर एक पेड़ अवश्य लगाएं। पर्यावरण, वन एवं जलवायु परिवर्तन विभाग से जुड़े जागरूकता वाहनों को हरी झंडी दिखाकर मुख्यमंत्री ने रवाना किया। पर्यावरण, वन एवं जलवायु परिवर्तन विभाग से जुड़े ये सभी वाहन बिहार के सभी जिलों का भ्रमण कर पर्यावरण के प्रति लोगों को जागरूक करेंगे तथा अधिक से अधिक वृक्षारोपण के लिए उन्हें प्रेरित करेंगे।
मुख्यमंत्री ने कार्यक्रम के दौरान कृषि वानिकी एवं पर्यावरण के क्षेत्र में उत्कृष्ट कार्य करने वाले पाँच पर्यावरणविदों को मोमेंटो प्रदान कर उन्हें सम्मानित किया।
कार्यक्रम को संबोधित करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि आज विश्व पर्यावरण दिवस है। इस अवसर पर मैं आप सभी को शुभकामनाएं देता हूँ। उन्होंने कहा कि आदरणीय प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी जी लगातार पर्यावरण की चिंता करते रहते हैं। हम सभी को पर्यावरण की सुरक्षा और अधिक से अधिक वृक्षारोपण की दिशा में सतत प्रयासशील रहना चाहिए। प्रधानमंत्री जी भारत को विकसित बनाने की दिशा में लगातार काम कर रहे हैं, वह काफी प्रेरणादायी है। पूर्व मुख्यमंत्री श्री नीतीश कुमार जी ने बिहार को संवारने का काम किया है।
आज विश्व पर्यावरण दिवस के अवसर पर जे.पी. गंगा पथ पर समग्र उद्यान परियोजना अंतर्गत 1 लाख वृक्षारोपण के अभियान की शुरुआत हुई है। वृक्षारोपण के कारण आने वाले समय में जे.पी. गंगा पथ ऑक्सीजन का केंद्र बनेगा। जीवन के लिए ऑक्सीजन सबसे महत्वपूर्ण है इसलिए पर्यावरण संरक्षण को लेकर हम सभी को काम करने की आवश्यकता है। हम सभी मिलकर अधिक से अधिक पेड़ लगाएं तभी जीवन सुरक्षित रहेगा। जे.पी. गंगा पथ पर जॉगिंग ट्रैक बनाया गया है। जीवन चक्र को आगे बढ़ाने के लिये ऑक्सीजन और ऑक्सीजन के लिये वृक्षारोपण आवश्यक है। इसलिए अधिक से अधिक पेड़ लगाना हम सभी का दायित्व है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि बिहार से जब झारखंड राज्य अलग हुआ था तो यहाँ 10 प्रतिशत से भी कम वन क्षेत्र था। पूर्व मुख्यमंत्री श्री नीतीश कुमार जी ने वृक्षारोपण की दिशा में काफी काम किया जिससे हमारे वन क्षेत्र का विस्तार हुआ है। सभी बहनों से आग्रह है कि आप पर्यावरण अनुकूल इलेक्ट्रिक स्कूटी खरीदें। इसके लिये सरकार 12,000 रुपये अनुदान दे रही है। चारपहिया इलेक्ट्रिक वाहन की खरीद पर सरकार अपने खजाने से 1,00,000 रुपये का अनुदान दे रही है।
उन्होंने कहा कि बिहार में पी.एम. सूर्य घर मुफ्त बिजली योजना को धरातल पर उतारने की दिशा में तेजी से काम आगे बढ़ रहा है। हम वित्त मंत्री के रूप में भी काम कर चुके हैं। बिहार में बिजली उपभोक्ताओं को अनुदान के रूप में सरकार 23,000 करोड़ रुपये दे रही है। अनुदान की इतनी बड़ी राशि बिजली उपभोक्ताओं को देश में कहीं नहीं दी जाती है। बिहार का बजट 3,47,000 करोड़ रुपये का है जिसमें हमारा अपना संसाधन 60 से 70 हजार करोड़ रुपये है। इनमें से एक तिहाई राशि बिजली उपभोक्ताओं को सब्सिडी के रूप में दी जा रही है।
हम लोग सोलर युक्त बिजली उत्पादन यंत्र को सभी लोगों के घरों पर अधिष्ठापित करने की दिशा में आगे बढ़ रहे हैं। पहले चरण में 5 लाख लोगों के घरों की छतों पर सोलर प्लेट लगाए जाएंगे। पी.एम. सूर्य घर मुफ्त बिजली योजना के तहत लोगों के घरों की छतों पर लगने वाले प्रत्येक सोलर प्लेट पर आने वाली लागत में भारत सरकार 33,000 रुपये की सहयोग राशि उपलब्ध कराएगी जबकि शेष राशि राज्य सरकार वहन करेगी। भारत सरकार के साथ एम.ओ.यू. पर हस्ताक्षर के बाद इसी माह से इसकी शुरुआत की जाएगी। इसके लिये यदि ऋण लेने की आवश्यकता पड़ेगी तो लिया जाएगा। भारत सरकार का भी सहयोग मिल रहा है।
अगले 2 वर्षों में 50 लाख परिवारों तक सोलर उत्पादित बिजली पहुँचाना है। जिन लोगों के यहाँ सोलर युक्त बिजली उत्पादन 125 यूनिट से अधिक होगा, उनसे राज्य सरकार बिजली खरीदेगी और राशि उनके अकाउंट में भेज दी जाएगी। इस प्रकार यह आमदनी का एक जरिया भी बनेगा। इस काम से जीविका दीदियों को भी जोड़ा जाएगा, इसके लिये उन्हें अलग से इंसेंटिव भी दिया जाएगा।
वर्ष 2005 से बिहार में एन.डी.ए. की सरकार ने 43 करोड़ वृक्षारोपण कराया है जिससे हरित आवरण बढ़ा है। सभी से आग्रह है कि अपनी माँ के नाम एक पेड़ अवश्य लगाएं। जिनकी माँ स्वर्गवासी हो गई हैं उनकी याद में पेड़ लगाएं ताकि पर्यावरण संरक्षित और विश्व सुरक्षित हो।
पर्यावरण, वन एवं जलवायु परिवर्तन मंत्री डॉ. रामचंद्र प्रसाद ने मुख्यमंत्री को पुष्पगुच्छ, अंगवस्त्र, पाग एवं प्रतीक चिन्ह भेंट कर उनका स्वागत किया।
इस अवसर पर उप मुख्यमंत्री श्री विजय कुमार चौधरी, पर्यावरण, वन एवं जलवायु परिवर्तन मंत्री डॉ. रामचंद्र प्रसाद, सहकारिता मंत्री डॉ. रामकृपाल यादव, पथ निर्माण विभाग के सचिव श्री पंकज कुमार पाल, बिहार राज्य पथ विकास निगम के प्रबंध निदेशक श्री शीर्षत कपिल अशोक, मुख्यमंत्री के सचिव श्री संजय कुमार सिंह, पटना प्रमंडल के आयुक्त श्री मयंक वरवड़े, जिलाधिकारी डॉ. त्यागराजन एस.एम., वरीय पुलिस अधीक्षक श्री कार्तिकेय के. शर्मा सहित अन्य वरीय पदाधिकारी उपस्थित थे।