पटना, 23 जून 2026 : मुख्यमंत्री श्री सम्राट चौधरी ने आज लोक सेवक आवास स्थित ‘संकल्प सभागार’ में पिछड़ा वर्ग एवं अति पिछड़ा वर्ग कल्याण विभाग की समीक्षा की।
बैठक में पिछड़ा वर्ग एवं अति पिछड़ा वर्ग कल्याण विभाग के अपर मुख्य सचिव श्री के. सेंथिल कुमार ने विभाग की महत्वपूर्ण योजनाओं, उपलब्धियों तथा भावी कार्ययोजना के संबंध में प्रस्तुतीकरण के माध्यम से विस्तृत जानकारी दी।
मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य सरकार द्वारा पिछड़ा वर्ग एवं अति पिछड़ा वर्ग के छात्र-छात्राओं की शैक्षणिक प्रगति हेतु कई योजनाएँ चलाई जा रही हैं। उन्होंने कहा कि अन्य पिछड़ा वर्ग कन्या आवासीय प्लस टू उच्च विद्यालय में अध्ययनरत कक्षा 9 से 12 तक की छात्राओं को मेडिकल एवं इंजीनियरिंग प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी कराने के उद्देश्य से आई.आई.टी. पटना के साथ टाईअप किया जाए।
मुख्यमंत्री ने कहा कि सभी छात्र-छात्राओं को सफल होने पर प्रोत्साहित किया जाता है। मैट्रिक एवं इंटर के टॉपर विद्यार्थियों का परीक्षा परिणाम घोषित होने के तुरंत बाद ही उन्हें सम्मानित किया जाए। बी.पी.एस.सी. एवं यू.पी.एस.सी. में बिहार के सफल अभ्यर्थियों को अभिभावकों के साथ सामूहिक तौर पर सम्मानित किया जाए, जिससे यहाँ के बच्चे प्रेरित हो सकें।
10वीं की परीक्षा में प्रथम श्रेणी से उत्तीर्ण होने वाले छात्र-छात्राओं को जो 10 हजार रुपये की राशि दी जाती है, उसका भी शीघ्र भुगतान सुनिश्चित किया जाए।
उन्होंने कहा कि राज्य अंतर्गत विद्यालयों/छात्रावासों में नामांकित छात्र-छात्राओं या उनके अभिभावकों को किसी प्रकार की असुविधा अथवा सुझाव देने के लिये एक ऑनलाइन पोर्टल बनाया जाए।
बैठक में पिछड़ा वर्ग एवं अति पिछड़ा वर्ग कल्याण मंत्री श्रीमती रमा निषाद, मुख्यमंत्री के प्रधान सचिव श्री दीपक कुमार, पिछड़ा वर्ग एवं अति पिछड़ा वर्ग कल्याण विभाग के अपर मुख्य सचिव श्री के. सेंथिल कुमार सहित अन्य वरीय अधिकारी उपस्थित थे।